राष्ट्रीय प्रतियोगिता सत्य समाधान 2.0 का आयोजन NSIT में आज




-शनिवार देर रात तक जारी रही तैयारीया,संस्थान परिसर में रौनक
अहमदाबाद, 31 जनवरी l
नरनारायण शास्त्री इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी – इंस्टीट्यूट ऑफ फॉरेंसिक साइंस एंड साइबर सिक्योरिटी के तत्वावधान मे राष्ट्रीय स्तर की क्राइम सीन इन्वेस्टिगेशन प्रतियोगिता सत्य समाधान 2.0 का आयोजन शनिवार को किया जा रहा है जिसमें देशभर से आने वाले फॉरेंसिक विज्ञान के प्रतिभाशाली विद्यार्थी मंच साझा करेंगे। आयोजन को लेकर शुक्रवार को दिनभर संस्थान के प्रिंसिपल, कैंपस डायरेक्टर, संस्थान के प्रोफेसर और असिस्टेंट प्रोफेसर सहित स्टाफ सदस्य, विभिन्न समितियां के सदस्य विद्यार्थी आवश्यक तैयारीयो में जुटे रहे तथा व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया l
प्राचार्य प्रो. (डॉ.) शैलेश अय्यर ने बताया कि “सत्य समाधान 2.0” का उद्देश्य प्रतिभागियों की विश्लेषणात्मक क्षमता, तकनीकी दक्षता, टीम वर्क तथा जांच कौशल को परखना है। यह प्रतियोगिता वास्तविक अपराध स्थल जैसी परिस्थितियों में आयोजित की जाएगी, जहां विज्ञान और न्याय का समन्वय देखने को मिलेगा।
प्रतियोगिता समन्वयक डॉ गीता गुप्ता एवं सहसमन्वयक एरोमल वेणुगोपाल ने बताया कि प्रतियोगिता ऑफलाइन मोड में एनएसआईटी- आईएफएससीएस, स्वामीनारायण गुरुकुल परिसर, जेतलपुर, गुजरात में आयोजित होगी। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के तहत क्विज राउंड, सीक्रेट टास्क राउंड ओर अंतिम क्राइम सीन इन्वेस्टिगेशन राउंड होगा l उन्होंने बताया कि पंजीकरण एवं पात्रता के लिए प्रत्येक टीम में 5 सदस्य होना अनिवार्य होगा l इसमें यूजी एवं पीजी विद्यार्थी भाग ले सकते हैं और केवल टीम लीडर द्वारा पंजीकरण किया जाएगा l प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए मान्य कॉलेज आईडी प्रवेश के लिए अनिवार्य रहेगा l उन्होंने बताया कि पंजीकरण ब्रॉशर में दिए गए गूगल फॉर्म लिंक के माध्यम से किया जा सकता है l प्रतियोगिता कुल तीन चरणों में आयोजित की जाएगी, पहला चरण क्विज राउंड होगा, यह एक ऑनलाइन क्विज राउंड होगा, जिसमें केवल टीम लीडर भाग लेगा। क्यूआर कोड के माध्यम से प्रश्न हल किए जाएंगे। लाइव लीडरबोर्ड के आधार पर शीर्ष 20 टीमें अगले चरण के लिए चयनित होंगी। उन्होंने बताया कि दूसरा चरण सीक्रेट टास्क होगा जिसमें चयनित टीमों को एक गोपनीय कार्य सौंपा जाएगा। मूल्यांकन फॉरेंसिक ज्ञान, रचनात्मकता, समस्या-समाधान क्षमता और प्रस्तुति के आधार पर किया जाएगा, इसमें से शीर्ष 10 टीमें अंतिम चरण में प्रवेश करेंगी। तीसरा चरण क्राइम सीन इन्वेस्टिगेशन फाइनल राउंड रहेगा जिसमे सभी टीम सदस्यों की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य होगी। प्रतिभागी एक सिम्युलेटेड अपराध स्थल का निरीक्षण कर विस्तृत फॉरेंसिक रिपोर्ट तैयार करेंगे तथा जजों के प्रश्नों के उत्तर देंगे। समग्र प्रदर्शन के आधार पर विजेताओं की घोषणा की जाएगी।
कैंपस डायरेक्टर संजय शर्मा ने बताया कि इस प्रतियोगिता में कुल ₹35,000 की पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है जिसमे प्रथम पुरस्कार विजेता को बीस हजार, द्वितीय पुरस्कार विजेता को पंद्रह हजार रुपए की राशि दी जाएगी l उन्होंने बताया कि सभी प्रतिभागियों को भागीदारी प्रमाण-पत्र प्रदान किया जाएगा और विजेता एवं उपविजेता को समापन समारोह में सम्मानित किया जाएगा।आयोजन को सफल बनाने विभिन्न समितियां का गठन किया गया है जिसमें संस्थान के प्रवक्ताओं के मार्गदर्शन में विद्यार्थी सहयोगी के रूप में पंजीकरण समिति में मीत शाह, कश्मी भट्ट, जतिन अवस्थी व संचिता डोले, व्यवस्था प्रबंधन समिति में गौरव अचार्य व शुभ त्रिवेदी , संपर्क समिति में वंशिका जयसिंघानी, कार्यक्रम प्रबंधन समिति में लय द्विवेदी एवं प्रियांश यादव, प्रतियोगिता व्यवस्था समिति में मंथन जानी, अफशीन कुरेशी एवं प्रिंसी गौतम, डॉक्यूमेंटेशन कमेटी में भार्गव परमार, कनिष पटेल, नैंसी पिंजानी एवं सन्नवी सोनी, कार्यक्रम स्टेज प्रबंधन समिति में आस्था पटेल व उमा कुशवाहा तथा गेम्स कमेटी में कंचन नवानी, अहाना दत्ता व कुशल शर्मा को लिया गया है l प्रतियोगिता आयोजन को लेकर विभिन्न समितियां के संयोजक संस्थान के प्राध्यापकगणों ने समिति के सदस्य विद्यार्थियों के साथ आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया तथा विभिन्न तैयारी का जायजा लिया l



