सनातन धर्म में धर्म गुरुओं की बाढ़ आ गई : महेश पुजारी
देश के विभिन्न राज्यों से आए शिष्यों ने उमंग, उल्हास के साथ आश्रम चाणक्य पर मनाया गुरु पूर्णिमा उत्सव मनाया


उज्जैन । आश्रम चाणक्य, महाकाल घाटी पर गुरू पूर्णिमा महोत्सव बड़ी धूम धाम से मनाया गया। मध्य प्रदेश,उत्तर प्रदेश,राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, झारखंड, कलकत्ता सहित देश के विभिन्न शहरों से आए सैकड़ों शिष्यों ने श्री महेश पुजारी का गुरू पूजन कर आनंद, उमंग और उल्हास के साथ गुरु पूर्णिमा उत्सव मनाया।
जानकारी रूपेश मेहता ने बताया कि इस अवसर पर अपने शिष्यों को मार्गदर्शन देते हुए महेश पुजारी ने कहा कि सनातन धर्म में धर्म गुरुओं की बाढ़ आ गई हैं कई लोग अनजाने में अपने उद्धार के लिए ऐसे लोगों को गुरु बना रहे हैं जिन्हें सनातन धर्म की परम्परा, मर्यादा और व्यवस्था का ज्ञान नहीं है ऐसे धर्म गुरुओं के कारण सनातन धर्म आज बदनाम हो रहा हैं। जिस प्रकार एक मछली पूरे तालाब को गंदा कर देती हैं वैसे ही कुछ लोग सनातन धर्म को विकृत कर रहे हैं ऐसे लोगों से बचने की आवश्यकता हैं इसलिए सनातन धर्म को मानने वाले भक्तों को एक कहावत ध्यान में रखना चाहिए कि “पानी पियो छान कर और गुरु बनाओ जानकर” ।
अर्थात जिस प्रकार हम पानी छानकर पीते हैं उसी प्रकार गुरु भी जानकार बनाना चाहिए उसके गुण, अवगुण को देखना चाहिए,सोच समझ कर अपने विवेक का उपयोग कर ही गुरु बनाना चाहिए।
इस अवसर पर विजय पुजारी,मधुसूदन शर्मा, आशीष अग्निहोत्री,राकेश जोशी (राका गुरुजी), हितेश जरीवाला,रूपा गांगुली,गोपाल पुजारी,सुरेश शर्मा,अशोक शुक्ला,राजेश बैरागी,मुकेश खंडेलवाल,कप्तान बोबल, सुभाष यादव,राहुल व्यास,जयकिशन,राहुल शर्मा, मंगल पुजारी, घनश्याम दीक्षित,नेमीचंद परिहार,आशीष ठक्कर, किशन पांडे,राम शर्मा,गोविंद व्यास सहित अखिल भारतीय पुजारी महासंघ, अखिल भारतीय युवा ब्राह्मण समाज, महाकाल सेना के सभी पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित थे।



